बाल झरना (Hair Fall)


सामान्यतः प्रतिदिन हमारे लगभग 50 से 100 बाल हर दिन टूटते-झड़ते हैं। यदि इससे ज्यादा बाल झड़ते (Hair Fall) हैं, तो यह चिंता का विषय है। बाल झड़ने के पीछे तनाव, इन्फेक्शन, हार्मोन्स का असंतुलन, पोषक पदार्थों की कमी, दवाओं के साइड इफेक्ट्स, लापरवाही बरतना या बालों की सही देखभाल न करना, घटिया साबुन और शैंपू का प्रयोग आदि कई कारण हो सकते हैं। 


कब-कब झड़ सकते हैं बाल (Reasons of Hair Fall in Hindi)
चिकित्सा विज्ञान के आधार पर बालों के झड़ने की कई वजहें होती हैं। जिनमें से कुछ खास कारण निम्न हैं: 
  • लंबी बीमारी, बड़े ऑपरेशन या किसी गभीर संक्रमण के कारण बालों का झड़ना सामान्य माना जाता है।
  • शारीरिक, मानसिक तनाव या डिप्रेशन की बीमारी के दो या तीन महीने के बाद बालों का झड़ना एक सामान्य प्रक्रिया है।
  • हार्मोन स्तर में आकस्मिक बदलाव के बाद भी यह हो सकता है, विशेषकर स्त्रियों में बच्चें के जन्म के बाद यह हो सकता है।
  • अत्यधिक द्वाईंयों के सेवन से या किसी एलर्जी के कारण भी कई बार बाल झड़ते हैं। 
  • बालों का झड़ना कई बीमारियों का लक्षण भी माना जाता है विशेषकर थाइरॉयड में यह महत्वपूर्ण निशानी माना जाता है। 
  • सेक्स हार्मोन में असंतुलन के कारण भी बाल झड़ते हैं। 
  • आहार में सतुंलन के कारण भी कई बार बाल झड़ते हैं विशेषकर अगर खाने में आप प्रोटीन, लौह तत्व या जस्ता आदि की कमी हो तो। यह कमी खान-पान में परहेज करने वालों और जिन महिलाओं को मासिक धर्म में बहुत ज्यादा रक्त स्राव होता है, में आम है।
  • सिर की त्वचा (खोपड़ी) में जब विशेष प्रकार की फफूंद से संक्रमण हो जाता है तो बीचों बीच में बाल झड़ने लगते हैं। बच्चों में आमतौर पर बीचों बीच के बाल झड़ने का संक्रमण पाया जाता है।
  • पुरुषों में अक्सर मांग से बालों का झड़ते हैं या फिर सिर के ऊपर से। पुरुषों में इस प्रकार बालों का झड़ना आम है और यह किसी भी समय यहां तक कि किशोरावस्था में भी आरंभ हो सकता है।


बालों का झड़ना के लक्षण



बाल झड़ने के प्रमुख कारण (Main Reason for Hair fall in Hindi)
बालों के झड़ने के कई कारण होते हैं जैसे मां-बाप से लगी बीमारी, डैंड्रफ, तनाव आदि। डॉक्टरों के अनुसार अधिक मात्रा में बाल झड़ने के मुख्य कारण निम्न माने जाते हैं: ​
  • पुरुष हार्मोन
  • वंशानुगत गंजापन:​ अगर पेरेंट्स या ग्रैंड पेरेट्स में से किसी को बालों के झड़ने या गंजेपन की समस्या है, तो बच्चों में भी ऐसा होने की आशंका ज्यादा होगी।
  • बढ़ती हुई आयु में भी बालों का झड़ना आम बात होती है। 
  • इंफेक्शन और डैंड्रफ फंगल इंफेक्शन से बाल झड़ सकते हैं। 
  • हालांकि थोड़ी-बहुत डैंड्रफ होना सामान्य है, खासकर मौसम बदलने पर, गर्मियों और बरसात की शुरूआत में, लेकिन ज्यादा होने पर यह बालों की जड़ों को कमजोर कर देती है। यह ड्राई और मॉइश्चर, दोनों रूप में हो सकती है। इससे बचाव के लिए साफ-सफाई का पूरा ख्याल रखें।
  • प्रदूषण और तनाव, बालों को गंवाने की अहम वजह है।
  • मानसून सीज़न में अकसर बाल झड़ने की समस्या आ जाती है। 
  • असंतुलित भोजन करने से शरीर को आवश्यक पोषण नहीं मिलता जो कई बार बाल झड़ने का कारण बनता है। 
  • कोई शारीरिक बीमारी जैसे थाइरॉयड के होने पर भी बाल झड़ने की समस्या देखने को मिलती है। 
  • अनियमित जीवनशैली और सौंदर्य प्रसाधनों का अनुचित इस्तेमाल करना भी बाल झडने की समस्या को न्यौता देते हैं।




रोकथामः
तनाव कम कर, उचित आहार लेकर, बाल संवारने की उचित तकनीक अपनाकर और यदि संभव हो तो बालों को झड़ने से रोकनेवाली दवाइयों का उपयोग कर बालों के झड़ने की समस्या को रोका जा सकता है। फफूंद संक्रमण की वजह से बालों को झड़ने की समस्या को बालों की सफाई पर ध्यान देकर, दूसरों के ब्रश, कंघी, टोपी आदि का उपयोग न कर बचा जा सकता है। दवाइयों की सहायता से वंशानुगत गंजेपन के कुछ मामलों को रोका जा सकता है।


बाल का झड़ना रोकने के लिए घरेलू नुस्ख़े (Home Remedies for Hair fall)

मेंहदी और आंवला (Rosemary and Amla)
मेंहदी और आंवला की बराबर मात्रा लेकर शाम को पानी में भींगने के लिए छोड़ दें।  रात भर भींगने के बाद सुबह इससे बालों को धोएं। इसे लगातार आजमाने बाल झड़ने रुक जाते हैं और बाल काले, मुलायम और लंबे भी होते हैं।


शंखपुष्पी (Shankpushpi)
शंखपुष्पी से बने तेल रोजाना नियमित रूप से बालों में लगाने से सफेद बाल काले हो जाते हैं। इसके तेल से मालिश करने से बालों की जड़ों को पोषण मिलता है और बाल झड़ने बंद हो जाते हैं।


शहद और अंडा (Honey and Egg)
शहद से बालों की जड़ों को उचित पोषण मिलता है। अगर शहद के साथ अंडे की जर्दी मिला दे तो इसका असर दोगुना हो जाता है। बालों की जड़ यानि स्कैल्प को इससे जरुरी प्रोटीन केराटिन मिलता है और बालों का झड़ना-गिरना बंद हो जाता है। 


भृंगराज (Bhringraj)
भृंगराज बालों के लिए वंडर मेडिसीन के रुप में जाना जाता है। इसके औषधीय गुणों से बालों को काफी फायदा पहुंचता है। रोजाना भृंगराज के तेल से बालों की मालिश करने से बाल न सिर्फ काले और घने होते हैं बल्कि बालों का टूटना भी रुक जाता है।  इसे लगाने से बालों में रुसी को भी कम होती है।


शिकाकाई (Shikakai)
शिकाकाई और आंवले को अच्छी तरह से कूट लें। दोनों को रात भर पानी में भीगने के लिए छोड़ दें। सुबह इस पानी को मसलकर छान लें और इससे बालों की मालिश करें। शिकाकाई और आंवले से बाल कभी सफेद नहीं होते व जिनके बाल सफेद हों तो वे भी काले हो जाते हैं। बालों का झड़ना-गिरना भी बंद हो जाता है।


नारियल तेल, ऑलिव ऑयल और नींबू का रस (Coconut oil, Olive Oil and Lemon Juice)
नारियल तेल और ऑलिव ऑयल की बराबर मात्रा लेकर इसमें नींबू की कुछ बूंदे मिला कर बालों की मालिश करें। मालिश के बाद फिर गर्म तौलिए से सिर को 3 मिनट के लिए ढक लें। यह करने से बालों का झड़ना बंद होता है और बाल काला भी होता है।



मेथी (Methi)
मेथी के बीजों में बालों को पोषण देने वाले सभी जरुरी तत्व मौजूद रहते हैं,जो बालों की जड़ को मजबूती प्रदान करता है। मेथी दानों को पीसकर चूर्ण बना लें। चूर्ण में पानी मिलाकर पेस्ट तैयार कर लें और इस पेस्ट को बालों में लगाएं। इसे लगाने से बालों का झड़ना-गिरना कम होगा और बाल काले, घने और लंबे होंगे। डैंड्रफ की परेशानी भी खत्म होगी। 


अमरबेल (Amarbel)
अमरबेल बालों के लिए टॉनिक की तरह काम करता है। अमरबेल को पानी में उबाल कर रख लें। जब पानी आधा हो जाए और अमरबेल पानी में पूरी तरह मिल जाए तो तो इसे उतार लें।  सुबह इससे बालों को धोएं। इससे बालों का झड़ना-गिरना रुक जाएगा। बाल लंबे, काले और घने भी होंगे। 


त्रिफला (Trifala)
त्रिफला चूर्ण में लौह भस्म मिलाकर सुबह-शाम खाने से बालों का झड़ना बंद हो जाता है और बालों में कुदरती रंग भी आती है।

0 comments: